क्या बेजुबाँ इश्क़ नहीं करते ? 

हर बात कह दी जाए लिखकर बता दी जाए  हमेशा तुम्हें मेरी खबर होमुझे तुम्हारा पता हो ज़रूरी तो नहीं कभी तुम चुप रह जाया करोकभी मैं ख़ामोश रह जाऊंगा क्या बेजुबाँ इश्क़ नहीं करते ? 

डर लगता है

अकेले बहुत दिन हो गए डर लगता हैतन्हाई बिछड़ा हुआ हमसफर लगता है। मुझे तेरी कमी इतनी भी नहीं खलतीबस भीतर से यह शक़्स बेघर लगता है। आते जाते लोग हाल पूछ जाते हैशायद उनको यह बेखबर लगता है। अभी इतनी भी दूर नहीं निकला कीअंजान पुराना वो राहबर लगता है। एक पहर भी न … Read more